शुरू हुई खुदाई, 500 एकड़ क्षेत्र में मिले बड़े संकेत; 50 टन सोना मिलने की संभावना
50 ton gold reserve in India | देश में सोने की बढ़ती मांग और रिकॉर्ड स्तर पर बनी कीमतों के बीच एक बड़ी खबर सामने आई है। आंध्र प्रदेश के कर्नूल जिले स्थित जोन्नागिरी क्षेत्र में विशाल स्वर्ण भंडार मिलने की संभावना जताई गई है। शुरुआती आकलन के अनुसार यहां करीब 50 टन सोना मौजूद हो सकता है। इस संभावना ने न केवल खनन क्षेत्र बल्कि निवेशकों और आम लोगों का भी ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया है।

जानकारी के मुताबिक, जोन्नागिरी गोल्ड माइनिंग परियोजना के लिए लगभग 1500 एकड़ भूमि आवंटित की गई थी। फिलहाल इस क्षेत्र के 500 एकड़ हिस्से में सर्वेक्षण और खुदाई का काम शुरू किया जा चुका है। विशेषज्ञों का अनुमान है कि केवल इसी हिस्से से लगभग 13 टन सोना प्राप्त हो सकता है। शेष 1000 एकड़ क्षेत्र में भी जल्द खोज अभियान तेज किया जाएगा। Also Read – Air Force Helicopter Trial | राष्ट्रपति दौरे से पहले बैतूल में वायुसेना का ट्रायल, मिलानपुर हेलीपैड पर उतरा हेलिकॉप्टर
खनन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि यदि आगे के सर्वेक्षण और परीक्षण सफल रहते हैं, तो जोन्नागिरी देश के सबसे महत्वपूर्ण स्वर्ण उत्पादन क्षेत्रों में शामिल हो सकता है। इससे भारत में घरेलू सोना उत्पादन बढ़ेगा और आयात पर निर्भरता कम करने में मदद मिल सकती है।
इन इलाकों में भी सोने की तलाश | 50 ton gold reserve in India
जोन्नागिरी के अलावा राज्य सरकार ने रामगिरी, जव्वाकुला, चिगुरुकुंटा और बिसनातम जैसे क्षेत्रों को भी संभावित स्वर्ण भंडार क्षेत्र के रूप में चिह्नित किया है। आने वाले वर्षों में इन स्थानों पर भी खनिज सर्वेक्षण और खनन गतिविधियां शुरू की जा सकती हैं।
क्यों अहम है यह परियोजना?
विशेषज्ञों के अनुसार सोने का खनन अत्यधिक तकनीकी और पूंजी-आधारित प्रक्रिया है। इसी कारण इस परियोजना में आधुनिक तकनीक और विशेषज्ञता वाली निजी कंपनियों को शामिल किया गया है। वर्तमान में एक टन खनिज सामग्री से लगभग एक ग्राम सोना प्राप्त हो रहा है। हालांकि यह मात्रा पहले की तुलना में कम है, फिर भी परियोजना को आर्थिक रूप से लाभकारी माना जा रहा है।
रोजगार और अर्थव्यवस्था को मिलेगा फायदा | 50 ton gold reserve in India
यदि अनुमानित भंडार की पुष्टि होती है तो यह परियोजना हजारों लोगों के लिए रोजगार के अवसर पैदा कर सकती है। साथ ही क्षेत्रीय विकास, उद्योगों में निवेश और राज्य की अर्थव्यवस्था को भी नई गति मिल सकती है।
भारत में बढ़ती सोने की मांग के बीच आंध्र प्रदेश का यह प्रोजेक्ट आने वाले वर्षों में देश के खनन क्षेत्र की तस्वीर बदल सकता है। अब सभी की निगाहें जोन्नागिरी की खुदाई से सामने आने वाले अंतिम आंकड़ों पर टिकी हैं। Also Read – Betul News : वायरल वीडियो मामले में पुलिस की कार्रवाई, डायल-112 टीम से विवाद करने वाले चार लोगों पर केस दर्ज
